कुख्यात गैंगस्टर रहे आनंदपाल की बेनामी संपत्तियों पर आयकर विभाग ने शिकंजा कस दिया है. आयकर विभाग ने आनंदपाल की दो और बेनामी संपत्तियों को अटैच कर दिया है.

कुख्यात गैंगस्टर रहे आनंदपाल की बेनामी संपत्तियों पर आयकर विभाग ने शिकंजा कस दिया है. आयकर विभाग ने आनंदपाल की दो और बेनामी संपत्तियों को अटैच कर दिया है.

कुख्यात गैंगस्टर रहे आनंदपाल की बेनामी संपत्तियों पर आयकर विभाग ने शिकंजा कस दिया है. आयकर विभाग ने आनंदपाल की दो और बेनामी संपत्तियों को अटैच कर दिया है. आयकर बेनामी संपत्ति यूनिट ने आनंदपाल की 17 बीघा 15 बिस्वा की दो और बेनामी संपत्तियां के साथ साथ अब तक 76 बीघा जमीन को अटैच कर दिया है.

आयकर विभाग राजस्थान की बेनामी निषेध इकाई ने डीडवाना और लाडनू में कुल 17 बीघा 15 बिस्वा की दो कृषि भूमि को अटैच किया है. दोनों संपत्तियां गैगेस्टर आनंदपाल की हैं. यूनिट ने जांच के बाद इन्हें बेनामी तरीके से खरीदी मानकर बेनामी संपत्ति संव्यवहार निषेध कानून, 1988 के प्रावधानों के तहत अटैच कर दिया है. यूनिट ने जांच में पाया कि आनंदपाल सिंह और उसके भाइयों के द्वारा अनुसूचित जाति के लोगोके नाम पर ये जमीनें खरीदी गई हैं

डीडवाना और लाडनूं में की कार्रवाई
लाडनूं में खसरा नंबर 1587 की 4 बीघा 17 बिस्वा जमीन सांवराद निवासी सीता देवी के नाम वर्ष 2006 में आनंदपाल सिंह ने नकद राशि देकर खरीदी थी. इसी प्रकार डीडवाना तहसील के दौलतपुरा गांव में खसरा नंबर 436 और 444 की कुल 12 बीघा 18 बिस्वा जमीन सांवराद निवासी झंवरी देवी के नाम से वर्ष 2014 में आनंदपाल सिंह और उसके भाई रूपेंद्रपाल सिंह उर्फ़ विक्की व मंजीत सिंह ने खरीदी थी. बेशकीमती ये जमीनें किशनगढ़-हनुमानगढ़ मेगा हाईवे पर स्थित हैं.

59 बीघा की चार कृषि भूमि पहले ही अटैच हैं
आयकर विभाग की बेनामी निषेध इकाई ने आनंदपाल सिंह और उसके भाई मंजीत सिंह के द्वारा बेनामी रूप से खरीदी गई कुल 59 बीघा की चार कृषि भूमियों को पहले ही बेनामी प्रॉपर्टी एक्ट में अटैच कर रखा है. विभाग ने गैंगस्टर आनंदपाल की बेनामी सपंत्तियों के खिलाफ पुख्ता कार्रवाई कर एजुकेटिंग अथ्योरिटी नई दिल्ली को रिपोर्ट भेज दी है. साथ ही विभाग ने आनंदपाल की सभी बेनामी संपत्तियों की खरीद-बिक्री पर रोक लगाने के लिए स्थानीय प्रशासनिक, राजस्व विभाग को पत्र जारी कर दिए हैं.